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Friday, 28 March 2014

=======कौन हूँ मैं=======

मौन हूँ मैं , निशब्द नहीं हूँ मैं , कौन हूँ मैं , प्रश्न यक्ष से खड़े हैं , उत्तर की तलाश में , एक नया प्रश्न जन्मता है , अर्थ बदलते शब्द , मौन हूँ मैं , निशब्द नहीं हूँ मैं , कौन हूँ मैं , हर नई सुबह एक नयी आशा , संध्या होने तक , पुनः सालती निराशा , थकी हुयी आकांक्षा , मौन हूँ मैं निशब्द नहीं हूँ मैं , कौन हूँ मैं , कंक्रीट और पत्थर के जंगल में , पथराती हुयी संवेदना , हर पत्थर है नुकीला , काटता सम्बन्धों की डोर , मौन हूँ मैं निशब्द नहीं हूँ मैं , कौन हूँ मैं , ---------विनोद भगत

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